शिमला 26 सितंबर । क्योंथल क्षेत्र का प्राचीन एवं प्रसिद्ध जिला स्तरीय दशहरा मेला इस वर्ष ऐतिहासिक स्कूल ग्राउंड जुन्गा में आगामी 2 से 4 अक्तूबर तक धूमधाम से मनाया जाएगा। जिसमें लंका दहन के अतिरिक्त सांस्कृतिक कार्यक्र्रम, कबडडी और कुश्ती प्रतियोगिता मेले का मुख्य आकर्षण रहेगें ।
मेला समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए तहसीलदार जुुन्गा एवं मेला अधिकारी नारायण सिंह वर्मा ने बताया कि परंपरा के अनुसार तत्कालीन क्योंथल रियासत के राजा खुश विक्रम सेन की अगुवाई में राजमहल से रघुनाथ की पालकी वाद्य यंत्रों के साथ शोभा यात्रा निकाली गई जिसमें स्थानीय स्कूलों सहित क्षेत्र के सैंकड़ों लोग भाग लेगें । मेला मैदान में राजा खुश विक्रम सेन द्वारा पूजा अर्चना करने के उपरांत रावण, कुभकर्ण और मेघनाद के पुतलों के अग्नि देकर लंका दहन किया जाएगा । उन्होने बताया कि मेले के दौरान 3 व 4 अक्तूबर को जुन्गा तहसील में स्थानीय अवकाश रहेगा ।
इसी प्रकार 3 अक्तूबर को दिन में कबडडी प्रतियोगिताएं करवाई जाएगी जिसमें प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से टीमें भाग लेगी । उन्होने बताया कि कबडडी टीम के प्रवेश शुल्क एक हजार रूपये रखा गया है । यह प्रतियोगिता दो दिन चलेगी जिसमें विजेता टीम को 31 हजार और उप विजेता टीम को 21 हजार का नकद पुरस्कार दिया जाएगा । इसके अतिरिक्त दिन में जुन्गा क्षेत्र के स्कूलों, महिला मंडलों, स्वयं सहायता समूहों और स्थानीय कलाकारों द्वारा मेले में सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाएगें । उन्होने बताया कि 3 अक्तूबर को मेला समिति द्वारा स्टार नाईट आयोजित की जाएगी, जिसमें एडीएम शिमला पंकज शर्मा बतौर मुख्य अतिथि शिरकत करेगें ।
तहसीलदार ने बताया कि मेले के अंतिम दिन 4 अक्तूबर को विशाल दंगल होगा जिसमें उत्तरी भारत के नामी पहलवान भाग लेगें । बड़ी माली जीतने वाले पहलवान को 51 हजार रूपये का ईनाम दिया जाएगा । इस दिन कबडडी के फाईनल मुकाबले भी होगें ।
तहसीलदार ने बताया कि मेले में कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष प्रबंध किए गए है । मेला स्थल पर पानी, बिजली इत्यादि के प्रबंध के लिए समितियों का गठन किया गया है । इस मौके पर नायब तहसीलदार राजेन्द्र ठाकुर, जुन्गा पंचायत के प्रधान बंसी लाल कश्यप, पंकज सेन सहित मेला समिति के अन्य सदस्य मौजूद रहे ।








