हिमाचल प्रदेश के एकमात्र कैंसर अस्पताल शिमला में एक महिला ने अपने हाथ की नसें काटकर आत्महत्या कर दी। इस घटना से पूरे अस्पताल में सनसनी फैल गई है। महिला 35। साल की थी और मंडी जिले के सुंदरनगर की रहने वाली थी। बताया जा रहा है कि महिला दिमाग के कैंसर से पीड़ित थी और चार हफ्ता से एडमिट थी।महिला अपनी बीमारी से काफी परेशान थी। काफी समय से वह अपने परिवारजनों को भी कह रही थी कि मैं अब नहीं बच पाऊंगी।
जब वार्ड में महिला के पति ने देखा तो महिला उठ नहीं पा रही थी और न ही अपने स्थान से हिल पा रही थी। पति ने महिला को हिलाया तो पाया कि महिला ने अपने हाथ की नसें काट ली थीं। इस बीच इसकी मृत्यु हो गई थी। इसके बाद महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और बाद में शव को परिजनों को सौंप दिया गया। महिला कैंसर की अंतिम स्टेज पर थी। पुलिस की मामले को लेकर जांच जारी है। अभी तक आत्महत्या के कारणों के पुख्ता सबूत हाथ नहीं लगे हैं। पुलिस आत्महत्या के कारणों का पता लगा रही है।
बताया जा रहा है कि मरीज के पास फल काटने के लिए चाकू रखा गया था। ऐसे में महिला ने चाकू से रात के समय में अपनी नसें काट डालीं। हालांकि इस बीच अस्पताल में अन्य मरीज भर्ती थे, लेकिन उनको उसकी भनक तक नहीं लगी। जब महिला के पति ने उसे देखा तो एकदम से अस्पताल के अंदर हड़कंप मच गया। हालांकि पुलिस ने चाकू को भी बरामद कर लिया है।
कैंसर अस्पताल के एचओडी डॉ. मनीश गुप्ता ने बताया कि एक महिला मरीज ने नसें काटकर आत्महत्या की है। हमारे अस्पताल में यह महिला चार हफ्तों से भर्ती थी। इसने रात के समय में यह कदम उठाया है। महिला ने इस तरीके से आत्महत्या क्यों की है इसको लेकर पुलिस भी जांच कर रही है।
एसपी शिमला मोनिका भुंटुगुरू ने बताया कि यह मामला पुलिस के ध्यान में आया है। पुलिस ने शव को बरामद कर पोस्टमार्टम करवा लिया है और परिजनों को सौंप दिया है। मरीज ने ऐसा कदम क्यों उठाया है इसको लेकर जांच की जा रही है। पुलिस की मामले को लेकर कार्रवाई जारी है। मामले को लेकर एक-एक पहलू को खंगाला जा रहा है।










