सरकारी अस्पतालों में कुष्ठ रोग के उपचार की सुविधा निःशुल्क
शिमला 22 अगस्त ं । कुष्ठ रोग एक पुरानी संक्रामक बीमारी है जोकि मायकोबैक्टीरियम लेप्री नामक जीवाणु के कारण होती है । इस बीमारी का उपचार संभव है तथा प्रदेश के सभी सरकारी अस्पतालों में कुष्ठ रोग के उपचार की सुविधा निःशुल्क उपलब्ध है ।
यह जानकारी सिविल अस्पताल जुन्गा के चिकित्सा प्रभारी डॉ0 मनोज ने शुक्रवार को आशा वर्करज की क्षेत्रीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी । उन्होने बताया कि शरीर पर सफेद दाग, अंग सुन्न हो जाना, मांस पेशियों का कमजोर होना तथा शरीर पर दाने हो जाना कुष्ठ रोग के लक्षण होते है । उन्होने आशा वर्करज को सलाह देते हुए कहा कि यदि इस प्रकार के लक्षण किसी व्यक्ति में पाए जाते हैं तो उन्हें तुरंत अस्पताल में जांच करने बारे कहा जाए ।
डॉ0 मनोज ने स्क्रब टाईफस के लक्षण और फैलने बारे भी जानकारी दी गई । उन्होने आशावर्करज को बताया कि वह फील्ड के प्रवास के दौरान लोगों को इस रोग के फैलने और बचाव बारे जागरूक करे और लोगों को बताए कि जब भी वह जंगल में घास लकड़ी लाने जाएं तो अपने शरीर व हाथो ं को दस्ताने इत्यादि से ढक कर रखे ।
इस मौके पर डॉ0 ईशान कौशल ने टीबी रोग के लक्षण व उपचार बारे विस्तार से जानकारी दी । उन्होने बताया कि 60 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के सभी वरिष्ठ नागरिकों की छाती के एक्स रे लिए जाएगें । उन्होने रक्तचाप, शूगर, बारे भी जानकारी दी । डॉ0 ईशान ने बताया कि बरसात में दूषित पानी से दस्त, उल्टी, इत्यादि बीमारियों के फैलने की संभावना रहती है। फील्ड में प्रवास के दौरान आशा वर्करज लोगों को पानी उबाल कर पीने बारे जानकारी दे ं।
बैठक में पर्यवेक्षक सन्नी,सीएचओ भड़ेच कुमारी पूनम और सीएचओ डुब्लु कुमारी रानी के अलावा जुन्गा के विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों में कार्यरत आशा वर्करज ने भाग लिया ।








