अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के लिए पत्रकारों की सामाजिक सुरक्षा आवश्यकः मुख्यमंत्री
शिमला 22 अप्रैल, 2023 मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि…
कांग्रेस ने लोअर ढली में खोला चुनावी कार्यालय
नगर निगम चुनाव के लिए कांग्रेस पार्टी प्रचार अभियान तेज कर दिया…
मुख्यमंत्री ने मास्टर भाविक राजा का गीत रिलीज़ किया
22 अप्रैल, 2023 शिमला जिला के रामपुर बुशहर के बाल कलाकार…
HPPSC ने निकाली 17 सिविल जज के लिए भर्ती
शिमला हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग (HPPSC) ने निकाली 17 सिविल जज…
Judges’ conference to be held at Hotel Peterhof on April 29 and 30
The Himachal High Court is organizing a Regional Conference on the subject…
Transport claim will be filled on accident by government vehicle
In Himachal Pradesh, third party claim settlement will now be done through…
जाखू वार्ड से कांग्रेस के अतुल गौतम को क्यों दे अपना मतदान, जानिए
शिमला में नगर निगम के चुनावों का शंखनाग बज गया है।…
मुख्यमंत्री ने बतनी देवी के निधन पर शोक व्यक्त किया
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने मुख्य सूचना आयुक्त एवं पूर्व मुख्य…
पीआरएसआई, शिमला चैप्टर और एपीजी शिमला विश्वविद्यालय द्वारा राष्ट्रीय जनसंपर्क दिवस आयोजित
पीआरएसआई, शिमला चैप्टर और एपीजी शिमला विश्वविद्यालय द्वारा राष्ट्रीय जनसंपर्क दिवस आयोजित। एपीजी शिमला विश्वविद्यालय में आज राष्ट्रीय जनसंपर्क दिवस 2023 पीआरएसआई शिमला चैप्टर और एपीजी शिमला विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित किया गया, जिसकी अध्यक्षता प्रो चांसलर डॉ रमेश चौहान ने की । इस अवसर पर अपने अध्यक्षीय संबोधन में डॉ चौहान ने कहा कि भारत वर्ष एक दिसंबर,2022 से नवंबर 2023 तक शक्तिशाली समूह जी-20 की अध्यक्षता कर रहा है । उन्होंने कहा कि भारत द्वारा आजादी के 75 वर्ष के अवसर पर विशेषज्ञ द्वारा वैश्विक देशों के इस बड़े समूह की अध्यक्षता के कई मायने हैं । सीधे शब्दों में कहा जाए तो यह वैश्विक मंच भारत के बढ़ते महत्व को दर्शाने की बड़ी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। डॉ चौहान ने कहा कि इस समूह में विश्व के तमाम विकसित देश शामिल हैं जिनकी विश्व सकल घरेलू उत्पाद में करीब 85% की भागीदारी है, ऐसे में प्रत्येक भारतीय को इस सुनहरे अवसर की अहमियत को पहचानते हुए देश में तेजी से बढ़ते कद देश के देश में तेजी से बढ़ते कद को लेकर गोरा ऐसे में प्रत्येक भारतीय को इस सुनहरे अवसर की अहमियत को पहचानते हुए देश में तेजी से बढ़ते कद को लेकर गौरवान्वित महसूस करना चाहिए।उन्होंने कहा कि भारत को G 20 की अध्यक्षता मिलना इस बात को दर्शाता है कि भारत वैश्विक ताकतों के बीच विश्व नेता बन कर उभरा है।डॉ चौहान ने कहा कि भारत वर्ष पुरानी काल से अपने नैतिक एवं जीवंत और उच्च मूल्यों के लिए विश्व भर में विख्यात रहा है ।उन्होंने कहा कि हमारे संत आदि शंकराचार्य ने अपने व्याख्यान से जनमानस को प्रेरित किया और 4 पीठों की स्थापना की। वरिष्ठ पत्रकार एवं प्राध्यापक डॉ अश्विनी शर्मा ने उभरते हुए युवा पत्रकारों को आह्वान किया कि वे पत्रकारिता के उच्च मूल्यों और नैतिक सिद्धांतों का अनुसरण करें ।उन्होंने कहा कि हाल ही में धर्मशाला में हुए जी-20 सम्मेलन में दूरदराज क्षेत्रों की महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों को जीत के प्रतिनिधियों को उपहार के तौर पर देखकर हिमाचल की समृद्ध संस्कृति को वैश्विक पटल पर पहुंचाने का सार्थक प्रयास किया गया , इससे हिमाचल की समृद्ध संस्कृति परिलक्षित हुई जिससे जी- 20देशों के प्रतिनिधियों ने पसंद किया । उन्होंने कहा कि कोविड-19 से निपटने के लिए भारत में तैयार की गई तीन वैक्सीन ना केवल भारतवर्ष के लोगों के लिए कवच बनी, बल्कि दूसरे देशों के लोगों के लिए भी जीवनदायिनी सिद्ध हुई।उन्होंने कहा कि भारतवर्ष में तैयार इन तीनों वैक्सीन पर सर्व जन सुखाय, सर्व जन हिताय लिखा हुआ है, यानी सब लोग स्वस्थ और निरोगी रहें ।…