प्रदेश के सबसे बड़े स्वास्थ्य संस्थान इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (आइजीएमसी) में कैंसर का पता लगाने के लिए पीईटी या पेट स्कैन (पॉजिशन इमीशन टामोग्राफी) मशीन लगाई जाएगी। इससे प्रदेश के मरीजों को पीजीआइ चंडीगढ़ जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। इसकी जानकारी रजिस्ट्रार डॉ राहुल गुप्ता ने दी है।
राहुल गुप्ता ने बताया की पेट स्कैन टेस्ट से मरीज के शरीर में कैंसर कहां-कहां फैला है इसका पता चल जाएगा और उसी आधार पर ही मरीजों का इलाज किया जाएगा। उन्होंने बताया की कैंसर के अलग-अलग अंगों के लिए अलग-अलग जांच करवानी पड़ती है। बावजूद इसके कई बार कैंसर सेल की वास्तविक स्थिति का पता नहीं चल पाता है। इससे कई बार कैंसर बड़ी स्टेज तक पहुंच जाता है और मरीज की जान खतरे में पड़ जाती है।बेहतर जांच के लिए मरीजों को अन्य राज्यों का रुख करना पड़ता है। इसलिए जरूरी पेट स्कैन।
पेट स्कैन टेस्ट से मरीज के शरीर में कैंसर कहां फैला है इसका पता चलता है। इसमें पूरे शरीर को स्कैन किया जाता है। मरीज को मशीन में डाला जाता है। इस टेस्ट से डाक्टरों को इलाज में आसानी रहती है। वहीं, साधारण टेस्ट में यह पता नहीं चल पता। कैंसर का पता लगाने के लिए आमतौर पर कैंसर विशेषज्ञ एमआरआइ व सीटी स्कैन करवाने की सलाह देते हैं, डॉ गुप्ता ने बताया



