राजधानी के ऑकलैंड टनल के पास प्रस्तावित काेविड मेक शिफ्ट अस्पताल काे निगम की ओर से मंजूरी मिलने के बाद कसुम्पटी के विधायक, स्थानीय काराेबारी, टैक्सी यूनियन और आसपास के पंचायताें के लाेग इसके विराेध में उतर आए है। शनिवार देरशाम स्थानीय पंचायत के लाेग, काराेबारी और टैक्सी यूनियन इस मुद्दे काे लेकर कसुम्पटी के विधायक अनिरुद्ध सिंह से मिले। उन्हाेंने विधायक के पास इस अस्पताल काे ना बनाने के बारे में आपत्ति जताई। जिसके बाद विधायक ने भी स्थानीय लाेगाें का समर्थन करते हुए इसका विराेध किया।लाेगाें का कहना है कि जब आईजीएमसी का न्यू ओपीडी ब्लाॅक तैयार हाे चुका है ताे अब वहां पर मरीजाें काे क्याें नहीं रखा जा रहा। इसके सभी फ्लाेर अभी खाली हैं। उन फ्लाेर में आसानी से काेविड मरीजाें काे रखा जा सकता है। ऑकलैंड टनल जहां बस स्टैंड है और भीड़भाड़ वाला एरिया है, टैक्सी यूनियन है, कई दुकानें है, वहां पर काेविड अस्पताल बनाने का क्या औचित्य है। ऐसे में अगर वहां पर जबरन अस्पताल बनाया जाता है ताे सभी लाेग विधायक के साथ मिलकर खुलकर इसके खिलाफ आंदाेलन करेंगे।
बस स्टैंड, कॉलेज, स्कूल है यहां
व्यापार मंडल ऑकलैंड लक्कड़ बाजार समेत आसपास की पंचायतें चैड़ी, भाैंट, डुम्मी और पगाेग के प्रतिनिधि और जनता इस मामले काे लेकर विधायक से मिली है। व्यापार मंडल ऑकलैंड के अध्यक्ष और चैड़ी पंचायत के उपप्रधान भुवनेश्वर शर्मा का कहना है कि शनिवार काे वह कई लाेगाें के साथ कसुम्पटी के विधायक से मिले। विधायक भी उनके समर्थन में आ गए हैं।उनका कहना है कि एचपी पीडब्ल्यूडी के गाेदाम, बस स्टैंड, टैक्सी स्टैंड काे यहां से हटाया जा रहा है। भीड़भाड़ वाला क्षेत्र हाेने के चलते इसके 300 मीटर के दायरे में ऑकलैंड हाउस स्कूल, आरकेएमवी, सीनियर और जूनियर स्कूल, बैंक एरिया और 20 दुकानें हैं।
ऐसे में ये संभव ही नहीं है कि यहां पर काेविड सेंटर काे बनाया जाए। उन्हाेंने कहा कि वह इससे पहले शहर के विधायक और मंत्री सुरेश भारद्वाज से भी मिले थे, मगर उन्हाेंने इस मामले में हस्तक्षेप से इंकार कर दिया था। उन्हाेंने कहा कि अगर सरकार नहीं मानी ताे सड़काें पर उतरकर प्रदर्शन किया जाएगा।
इसलिए किया जा रहा विराेध
प्रतिनिधियाें का कहना है कि यह क्षेत्र भीड़भाड़ वाला है। यहां पर बस स्टैंड है जहां पर आसपास की 10 पंचायताें के लाेग आते हैं। आईजीएमसी के लिए भी मरीज यहीं से आवाजाही करते हैं। 300 मीटर के दायरे में ऑकलैंड हाउस स्कूल, आरकेएमवी, सीनियर और जूनियर स्कूल, बैंक एरिया और 20 दुकानें हैं।रिहायशी इलाका है, जहां 1000 से ज्यादा लाेग रह रहे हैं। इसी तरह सबसे ज्यादा प्रभावित टैक्सी यूनियन हाेगी, जहां पर 100 से ज्यादा टैक्सी चालकाें का राेजगार चल रहा है। ऐसे में अगर यहां पर अस्पताल बनाया जाता है ताे इन सभी का काम ठप हाे जाएगा।
सरकार का ये निर्णय है गलत: अनिरुद्ध
ऑकलैंड टनल के पास काेविड मेक शिफ्ट अस्पताल बनाने के लिए निगम की ओर से एनओसी देने के बाद स्थानीय पंचायत प्रतिनिधि, काराेबारी और टैक्सी यूनियन के लाेग उनसे शनिवार काे मिले थे। उन्हाेंने कहा कि सरकार का यह निर्णय गलत है। इसका खुलकर विराेध किया जाएगा। अगर वहां पर अस्पताल बनाया जाता है ताे वह स्थानीय लाेगाें का साथ लेकर आंदाेलन चलाएंगे।








