शिमला,17फरवरी
डाॅक्टरों द्वारा दी गई चेतावनी के बाद अब सरकार ने डाॅक्टरों को 18 फरवरी को वार्तालाप के लिए बुलाया है। सरकार ने डाॅक्टरों को यह आदेश जारी किए हैं कि मांगों को लेकर पहले बातचीत की जाएगी, उसके बाद ही आगामी निर्णय लिया जाएगा।

उधर, डाॅक्टरों का कहना है कि वे वार्तालाप सरकार के साथ जरूर करेंगे लेकिन अगर मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन तेज होगा। इसी बीच प्रदेश भर में 17 फरवरी को भी 2 घंटे की डाॅक्टरों की पैन डाऊन स्ट्राइक जारी रहेगी। हिमाचल मैडीकल ऑफिसर संघ के सचिव डाॅ. पुष्पेंद्र वर्मा ने कहा कि सरकार को शीघ्र डाक्टरों की मांगों को मानना होगा, वरना आंदोलन रुकेगा नहीं बल्कि तेज होगा।
सरकार ने डाॅक्टरों का नॉन-प्रैक्टिस भत्ता, जो 25 फीसदी से घटा कर 20 फीसदी कर दिया है, उस कटौती को समाप्त किया जाए।
छठे वेतन आयोग में वेतन विसंगतियों को दूर कर वेतन को पंजाब के आधार पर तय किया जाए।
पंजाब के वेतनमान के आधार से 2.37 लाख रुपए पर ही तय करना, प्रमोशन में 4-9-14 को लागू करना, पीजी व अन्य डाॅक्टरों को विशेषज्ञ भत्ता दिया जाए।
कॉन्ट्रैक्ट आधार पर भर्ती डाॅक्टरों की 40 फीसदी कटौती को समाप्त कर पूर्ण 57100 रुपए के वेतनमान के आधार पर वेतन देना है।








