शिमला
प्रदेश हाईकोर्ट ने कर्मचारियों के तबादलों को लेकर अहम टिप्पणी की है। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि स्टेट कैडर के पदों पर तैनात कर्मचारियों को पूरे प्रदेश में कहीं भी सेवाएं देने के लिए तैयार रहना चाहिए।
कोर्ट ने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों में तबादला किसी भी प्रकार की सजा नहीं है। वहां भी लोग रहते हैं और उन्हें भी सरकारी सेवाओं की आवश्यकता होती है। इसलिए कर्मचारियों को जनजातीय क्षेत्रों में सेवा देने से परहेज नहीं करना चाहिए।
हाईकोर्ट की इस टिप्पणी को प्रदेश में तबादला नीति और कर्मचारियों की तैनाती से जुड़े मामलों में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।








